CEIR पोर्टल और यूपी कॉप ऐप की मदद से देश-प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों से ट्रैक किए गए मोबाइल, डीसीपी पूर्वी ने टीम को सराहा
कानपुर। कानपुर कमिश्नरेट पुलिस की पूर्वी जोन सर्विलांस टीम ने आधुनिक तकनीक और सतत प्रयासों के दम पर एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए आम नागरिकों के 111 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए हैं। बरामद किए गए इन मोबाइल फोन की कुल अनुमानित कीमत करीब 22 लाख रुपये बताई जा रही है। बुधवार को पुलिस उपायुक्त (पूर्वी) कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान इन सभी मोबाइलों को उनके वास्तविक स्वामियों को सौंपा गया। लंबे समय बाद अपना खोया हुआ मोबाइल वापस पाकर लोगों के चेहरे खुशी से खिल उठे और उन्होंने पुलिस टीम की जमकर सराहना की।
पुलिस उपायुक्त (पूर्वी) सत्यजीत गुप्ता ने बताया कि हाल के दिनों में जिन लोगों के मोबाइल फोन कहीं गिर गए थे, चोरी हो गए थे या गुम हो गए थे, उन्होंने केंद्र सरकार के सीईआईआर पोर्टल और उत्तर प्रदेश पुलिस के यूपी कॉप ऐप के माध्यम से शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए पूर्वी जोन की सर्विलांस टीम को मोबाइल रिकवरी का जिम्मा सौंपा गया।
डीसीपी ने बताया कि टीम ने लगातार तकनीकी विश्लेषण, आईएमईआई नंबर ट्रैकिंग और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस की मदद से मोबाइल फोन की लोकेशन ट्रेस की। कड़ी मेहनत और लगातार फॉलोअप के बाद टीम ने देश और प्रदेश के विभिन्न हिस्सों से कुल 111 एंड्रॉयड और स्मार्टफोन बरामद करने में सफलता हासिल की।
उन्होंने बताया कि शुरुआती जांच में यह तथ्य सामने आया है कि अधिकांश मोबाइल फोन या तो कहीं गिरकर गुम हुए थे या फिर चोरी और झपटमारी की घटनाओं में लोगों से छीन लिए गए थे। पुलिस अब उन लोगों के बारे में जानकारी जुटा रही है जिनके पास से ये मोबाइल फोन चालू हालत में बरामद हुए हैं। यदि किसी मामले में चोरी या झपटमारी की तहरीर मिलती है तो संबंधित आरोपियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई करते हुए मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
कार्यक्रम के दौरान मोबाइल प्राप्त करने पहुंचे कई लोगों ने कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि उनका मोबाइल दोबारा मिल सकेगा, लेकिन पुलिस की सक्रियता और तकनीकी टीम की मेहनत की वजह से उन्हें उनका कीमती फोन वापस मिल गया। लोगों ने पुलिस कमिश्नरेट की इस पहल को आम जनता के लिए बेहद राहतभरा और भरोसा बढ़ाने वाला कदम बताया।
डीसीपी पूर्वी सत्यजीत गुप्ता ने आम जनता से अपील करते हुए कहा कि यदि किसी का मोबाइल फोन गुम या चोरी हो जाए तो घबराने के बजाय तुरंत यूपी कॉप ऐप, संबंधित थाने या केंद्र सरकार के CEIR पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं। साथ ही मोबाइल का आईएमईआई नंबर ब्लॉक और रजिस्टर जरूर कराएं, ताकि मोबाइल के दुरुपयोग को रोका जा सके और पुलिस को उसे ट्रैक करने में आसानी हो।
इस सराहनीय उपलब्धि पर डीसीपी पूर्वी ने पूर्वी जोन सर्विलांस टीम के सभी पुलिसकर्मियों की पीठ थपथपाई और बेहतर कार्य के लिए उन्हें पुरस्कृत किए जाने की बात भी कही।