कानपुर: कानपुर-सागर हाईवे पर बुधवार सुबह पतारा कस्बे के पास एक भीषण सड़क हादसे ने अफरा-तफरी मचा दी। ईको वैन और डंपर की जोरदार भिड़ंत के बाद एक के बाद एक कुल छह वाहन आपस में टकरा गए। हादसे में 16 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद कानपुर जिला अस्पताल रेफर किया गया। रेस्क्यू के दौरान पतारा चौकी इंचार्ज भी चोटिल हो गए।
तिलसड़ा मोड़ पर हुआ हादसा
घाटमपुर थाना क्षेत्र के पतारा कस्बे स्थित तिलसड़ा मोड़ के पास यह हादसा उस समय हुआ, जब बारातियों से भरी एक ईको वैन मोड़ लेते समय अचानक बंद हो गई। इसी दौरान घाटमपुर की ओर से आ रहे तेज रफ्तार डंपर ने वैन में टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि पीछे से आ रहे अन्य वाहन भी एक-दूसरे से भिड़ते चले गए और देखते ही देखते छह गाड़ियां हादसे का शिकार हो गईं।
बारात से लौट रहे थे सभी यात्री
जानकारी के अनुसार, कानपुर देहात के मूसेपुर गांव से बारात उमरी गांव गई थी और बुधवार सुबह वापस लौट रही थी। इसी दौरान तिलसड़ा मोड़ पर यह बड़ा हादसा हो गया, जिससे खुशी का माहौल पलभर में मातम में बदल गया।
16 लोग घायल, हालत गंभीर
हादसे में प्रांशु शुक्ला (20), आशीष शर्मा (20), खुशीराम (50), रुद्र (30), नरेश (40), मोहित (40), प्रदीप (40), सागर (14), राजेश (40), मनोज कुमार (45), रामबाबू, हसीम (45), सारनाथ (45), जयराम (50), अजय कुमार (45) और सलमान (45) समेत कुल 16 लोग घायल हो गए। सभी घायलों को पतारा सीएचसी ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत को देखते हुए कानपुर जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। कुछ घायलों ने निजी अस्पतालों का रुख भी किया।
रेस्क्यू के दौरान चौकी इंचार्ज घायल
घटना की सूचना मिलते ही पतारा चौकी पुलिस और एनएचएआई की पेट्रोलिंग टीम मौके पर पहुंची। ग्रामीणों की मदद से घायलों को वाहनों से बाहर निकाला गया। इस दौरान रेस्क्यू ऑपरेशन में लगे पतारा चौकी इंचार्ज के हाथ में भी चोट आ गई।
20 किलोमीटर लंबा जाम, डायवर्जन लागू
हादसे के बाद हाईवे पर करीब 20 किलोमीटर लंबा जाम लग गया, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने हमीरपुर की ओर घाटमपुर चौराहे से और कानपुर की ओर रमईपुर चौराहे से यातायात डायवर्ट किया।
क्रेन और जेसीबी से हटाए गए वाहन
घाटमपुर पुलिस ने एनएचएआई की क्रेन और जेसीबी की मदद से क्षतिग्रस्त वाहनों को हटाने का अभियान चलाया। करीब तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद हाईवे को खाली कराया जा सका, जिसके बाद यातायात धीरे-धीरे सामान्य हुआ।
लापरवाही और तेज रफ्तार बनी वजह
प्राथमिक जांच में सामने आया है कि तेज रफ्तार और अचानक वाहन बंद होने के कारण यह बड़ा हादसा हुआ। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और संबंधित वाहन चालकों से पूछताछ की जा रही है।
प्रशासन की अपील
पुलिस प्रशासन ने वाहन चालकों से अपील की है कि हाईवे पर सावधानीपूर्वक वाहन चलाएं, गति सीमा का पालन करें और ओवरलोडिंग से बचें। थोड़ी सी लापरवाही बड़े हादसे का कारण बन सकती है।