कानपुर। नगर आयुक्त कानपुर नगर निगम ने आईजीआरएस (इंटीग्रेटेड ग्रिवांस रिड्रेसल सिस्टम) पर प्राप्त शिकायतों और संदर्भों की समीक्षा को लेकर नगर निगम सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक की। बैठक में नगर निगम के विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे और लंबित मामलों की स्थिति पर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक के दौरान नगर आयुक्त ने गत माह की प्रगति की तुलना वर्तमान माह के डाटा से करते हुए आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों की स्थिति की गहन समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि अपने-अपने विभागों में लंबित सभी संदर्भों का निस्तारण निर्धारित समय-सीमा के भीतर हर हाल में सुनिश्चित किया जाए।
नगर आयुक्त ने स्पष्ट रूप से कहा कि यदि किसी भी स्तर पर कोई संदर्भ डिफाल्टर श्रेणी में जाता पाया गया तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई प्रस्तावित करते हुए प्रकरण शासन को भेजा जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि जिन शिकायतों का निस्तारण किया जाए, उनकी आख्या गुणवत्तापूर्ण होनी चाहिए। साथ ही मौके के निरीक्षण के छायाचित्र और शिकायतकर्ता से संवाद के प्रमाण भी आईजीआरएस पोर्टल पर अनिवार्य रूप से अपलोड किए जाएं, ताकि निस्तारण की पारदर्शिता और विश्वसनीयता सुनिश्चित हो सके।
बैठक के दौरान कुछ ऐसे मामलों को भी चिन्हित किया गया जिनमें शिकायतकर्ताओं द्वारा असंतुष्ट फीडबैक दिया गया था। इन प्रकरणों में भ्रामक या अधूरी आख्या लगाए जाने पर नगर आयुक्त ने संबंधित अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई और भविष्य में ऐसी लापरवाही न दोहराने के निर्देश दिए।
नगर आयुक्त ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि जन शिकायतों को पूरी गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ लिया जाए। उन्होंने कहा कि शिकायतों का समयबद्ध और संतोषजनक निस्तारण ही प्रशासन की प्राथमिकता होनी चाहिए, जिससे नागरिकों को बेहतर सेवाएं मिल सकें और शासन की मंशा के अनुरूप पारदर्शी व्यवस्था कायम हो सके।
आईजीआरएस शिकायतों पर नगर आयुक्त सख्त