कानपुर।
मंगलवार की सुबह कानपुर शहर में मौसम ने अचानक करवट ले ली, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो गया। सुबह होते ही आसमान में घने काले बादल छा गए और सड़कों पर दिन में ही अंधेरे जैसा माहौल बन गया। इसके साथ ही तेज हवाओं के साथ बारिश शुरू हो गई, जिससे लोगों को ठंड और गलन का तीव्र एहसास हुआ। शहर के कई इलाकों में सुबह से ही रुक-रुक कर बारिश होती रही। विशेषकर दक्षिणी क्षेत्रों में लगातार वर्षा के कारण सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा। तेज हवाओं और बादलों की घनी परत के चलते तापमान में गिरावट दर्ज की गई, जिससे आम जनजीवन पर सीधा असर देखने को मिला। लोग ठंड से बचने के लिए अलाव और गर्म कपड़ों का सहारा लेते नजर आए।
मौसम विभाग के अनुसार यह अचानक बदलाव पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव के कारण हुआ है। विशेषज्ञों ने बारिश के साथ ओलावृष्टि की भी संभावना जताई है और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। मंगलवार को शहर का न्यूनतम तापमान 10.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि दिन के तापमान में भी तेज गिरावट आने के आसार हैं।
मौसम विशेषज्ञ डॉ. एस.एन. सुनील पांडेय ने बताया कि देर रात पश्चिमी विक्षोभ और एक एंटी-साइक्लोनिक सिस्टम के आपस में मिलने से बादलों की एक व्यापक श्रृंखला बनी, जिसके कारण यह बारिश हुई। इसके अलावा बंगाल की खाड़ी और अरब सागर से नमी (मॉइस्चर फीड) आने के कारण मौसम में अस्थिरता बनी हुई है। उन्होंने बताया कि बारिश के चलते दिन के तापमान में तेज गिरावट दर्ज की जा सकती है और आने वाले दो से तीन दिनों तक तापमान में उतार-चढ़ाव बना रहेगा। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार मौसमी सिस्टम फिलहाल स्लो मूविंग स्थिति में है, इसलिए अभी मौसम को लेकर स्पष्ट रूप से कुछ कहना कठिन है। यदि यह सिस्टम आगे बढ़ता है तो बुधवार से धूप निकलने की संभावना है, अन्यथा बादल और ठंड का असर बना रह सकता है।
मौसम विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे मौसम अलर्ट को गंभीरता से लें, अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें और ठंड से बचाव के पर्याप्त इंतजाम करें।
तेज हवा और बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, सुबह से छाया अंधेरा; मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट