बिजली कनेक्शन नहीं होने से साजिश की आशंका, करीब 50 लाख का माल स्वाहा
कानपुर। चौबेपुर थाना क्षेत्र के गोगूमऊ गांव में बुधवार देर रात उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब शुभम ट्रेडर्स के जूट गोदाम में अचानक भीषण आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि देखते ही देखते गोदाम से लपटें और धुएं का गुबार उठने लगा। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की छह गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका।
घटना के समय गोदाम के बाहर बने कार्यालय में कानपुर निवासी कर्मचारी सुहू और धर्मेंद्र आराम कर रहे थे। इसी दौरान दोनों ने गोदाम के अंदर से धुआं उठता देखा। जब वे अंदर पहुंचे तो जूट के बंडलों में आग लगी हुई थी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए धर्मेंद्र ने तत्काल गोदाम मालिक राजू को फोन कर घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही गोदाम मालिक मौके पर पहुंचे, वहीं थोड़ी ही देर में पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंच गई।
आग की भयावहता को देखते हुए दमकल विभाग को सूचना दी गई। एक के बाद एक करीब छह दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने में जुट गईं। जूट अत्यधिक ज्वलनशील होने के कारण आग तेजी से फैलती चली गई, जिससे दमकल कर्मियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। कड़ी मेहनत के बाद देर रात आग पर काबू पाया जा सका।
राहत की बात यह रही कि इस हादसे में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई, लेकिन गोदाम में रखा जूट का भारी स्टॉक पूरी तरह जलकर राख हो गया। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार करीब 50 लाख रुपये से अधिक का माल जलने की आशंका जताई जा रही है, हालांकि नुकसान का सही आंकलन अभी किया जा रहा है।
गोदाम में आग लगने के कारणों को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं। गोदाम मालिक राजू ने बताया कि गोदाम में बिजली का कोई कनेक्शन नहीं है। वहां लगे सोलर पैनल भी लंबे समय से डाउन पड़े हैं। हालांकि बुधवार को सर्दी के बावजूद धूप निकलने से सोलर सिस्टम में थोड़ी-बहुत चार्जिंग हुई थी, लेकिन इतनी चार्जिंग से आग लगना समझ से परे है।
गोदाम मालिक ने आशंका जताई कि आग लगने के पीछे किसी साजिश से इनकार नहीं किया जा सकता। हालांकि उन्होंने फिलहाल किसी व्यक्ति पर सीधे तौर पर आरोप नहीं लगाया है। उनका कहना है कि आसपास के लोग भी कह रहे हैं कि “तुम्हारे साथ गेम हो गया है।”
फिलहाल चौबेपुर थाना पुलिस मामले की जांच में जुटी है। पुलिस का कहना है कि आग लगने के कारणों की गहनता से जांच की जा रही है। दमकल विभाग की रिपोर्ट और अन्य तकनीकी पहलुओं के आधार पर ही स्पष्ट हो सकेगा कि यह हादसा था या इसके पीछे कोई साजिश।
जूट गोदाम में भीषण आग, छह दमकल गाड़ियों ने घंटों में पाया काबू