कानपुर। काकादेव थाना क्षेत्र में नीट की तैयारी कर रही छात्रा का मोबाइल छीनने वाले गिरोह को पुलिस ने पकड़ लिया है। इस गिरोह के पाँच शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें तीन मुख्य आरोपी और दो सरगना शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि यह गिरोह नशे के शौक को पूरा करने के लिए लगातार वारदातों को अंजाम देता था।
20 सितंबर की सुबह हुई थी वारदात
डीसीपी सेंट्रल श्रवण कुमार सिंह के मुताबिक इटावा के दर्शन पुरवा निवासी सृष्टि बघेल कानपुर के गीता नगर हॉस्टल में रहकर नीट की तैयारी कर रही है। 20 सितंबर की सुबह जब वह अपनी सहेलियों के साथ कोचिंग से लौट रही थी, तभी बाइक सवार बदमाश गोविंद, दीपक उर्फ मंगू और ईशू ने हॉस्टल के पास ही उसका मोबाइल छीन लिया और फरार हो गए।
काउंसिलिंग के बाद लिखी एफआईआर
घटना के बाद छात्रा पहले एफआईआर दर्ज कराने को तैयार नहीं हुई, लेकिन पुलिस अधिकारियों ने समझाया तो उसने काकादेव थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। इसके बाद पुलिस और सर्विलांस टीम आरोपियों की तलाश में लग गई।
215 सीसीटीवी कैमरों की मदद से गिरफ्तारी
डीसीपी ने बताया कि पुलिस ने गुटैया क्रॉसिंग, हरीगंज, छपेड़ा पुलिया और नमक फैक्ट्री तक 215 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इसमें तीनों आरोपी वारदात के बाद भागते हुए कैमरे में कैद हो गए। बुधवार सुबह पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी पांडु नगर स्थित बीमा अस्पताल के पास मोबाइल बेचने की फिराक में हैं। दबिश देकर तीनों को गिरफ्तार कर लिया गया। उनकी निशानदेही पर गिरोह के सरगना निखिल गौतम और राहुल सोनकर को भी पकड़ लिया गया।
कई वारदातों का खुलासा
पकड़े गए निखिल गौतम के खिलाफ रावतपुर, कल्याणपुर, अर्मापुर और काकादेव थाने में नौ मुकदमे दर्ज हैं। पूछताछ में सभी बदमाशों ने शहर में कई लूट की घटनाएँ कबूल की हैं। पुलिस ने इनके पास से पाँच मोबाइल फोन, एक बाइक और एक स्कूटी बरामद की है।
पुलिस टीम को मिला सम्मान
डीसीपी ने बताया कि आरोपी राह चलते मोबाइल पर बात करने वालों को ही निशाना बनाते थे। इस पूरे खुलासे में जुटी पुलिस टीम को 25 हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की गई है।