कानपुर-रेलवे स्टेशन कानपुर सेंट्रल को बम से उड़ाने की फर्जी सूचना देकर पुलिस महकमे में हड़कंप मचाने वाले आरोपी को जीआरपी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है पकड़े गए आरोपी ने न केवल झूठी खबर फैलाई, बल्कि पहचान छुपाने के लिए अपना नाम भी गलत बताया था मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस महानिदेशक रेलवे प्रकाश डी. और पुलिस महानिरीक्षक एन. कोलांची के दिशा-निर्देशन में एक विशेष अभियान चलाया गया पुलिस अधीक्षक रेलवे (प्रयागराज) प्रशांत वर्मा की निगरानी में प्रभारी निरीक्षक ओम नारायण सिंह ने आरोपी को पकड़ने के लिए 05 अलग-अलग टीमों का गठन किया पुलिस ने सघन जांच करते हुए करीब 100 से अधिक सीसीटीवी फुटेज का विश्लेषण किया आखिरकार, 18 मार्च 2026 को दोपहर 1:00 बजे कानपुर सेंट्रल के सिटी साइड सर्कुलेटिंग एरिया से अभियुक्त को धर दबोचा गया गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान अरशद अली (उम्र 38 वर्ष), पुत्र स्वर्गीय शाहिद अली के रूप में हुई है वह बेगमपुरवा, सफेद कॉलोनी, थाना बाबू पुरवा (कानपुर नगर) का निवासी है पूछताछ के दौरान आरोपी अरशद अली ने अपना जुर्म कबूल करते हुए चौंकाने वाले खुलासे किए आरोपी ने अपना नाम अनिल कुमार’ बताकर सूचना दी थी कि आदिल उस्ताद’ नाम के व्यक्ति के पास बम और असलहे हैं उसने 27 फरवरी 2026 की शाम 7:00 बजे ट्रेन को उड़ाने की साजिश की झूठी खबर दी थी फोन आने पर पकड़े जाने के डर से उसने मोबाइल बंद कर सिम कार्ड फेंक दिया था उसका इरादा भविष्य में किसी अन्य सिम के जरिए दोबारा ऐसी ही फर्जी सूचना देने का था पुलिस ने आरोपी के खिलाफ थाना स्थानीय पर मु.अ.सं. 77/26 धारा 351(4) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया है फिलहाल पुलिस आरोपी के आपराधिक इतिहास की जांच कर रही है और आगे की विधिक कार्यवाही प्रचलित है।
फर्जी बम कॉल से दहशत, आरोपी दबोचा