कानपुर— शहर की कानून व्यवस्था को मजबूत बनाने और महिलाओं व बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से कानपुर पुलिस कमिश्नरेट द्वारा ‘ऑपरेशन कार-ओ-बार’ के तहत एक व्यापक और सख्त अभियान चलाया गया। पुलिस आयुक्त के निर्देशन में की गई इस कार्रवाई से सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीकर हुड़दंग मचाने वाले असामाजिक तत्वों में हड़कंप मच गया है। पुलिस को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि शहर के पार्कों, चौराहों, स्कूलों के आसपास और सार्वजनिक सड़कों पर कुछ लोग खुलेआम शराब का सेवन कर अवैध रूप से जमावड़ा लगाते हैं। इन गतिविधियों के चलते महिलाओं, बच्चों और आम नागरिकों में असुरक्षा की भावना पैदा हो रही थी, साथ ही सामाजिक मर्यादाओं और सार्वजनिक शालीनता का भी खुलेआम उल्लंघन हो रहा था। इन्हीं शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए 06 फरवरी 2026 को पूरे शहर में यह विशेष अभियान चलाया गया।
अभियान के दौरान पुलिस टीमों ने शहर के कुल 246 संवेदनशील और सार्वजनिक स्थानों पर सघन चेकिंग अभियान चलाया। जांच के दौरान खुले में शराब पीते हुए कुल 1017 व्यक्तियों को पकड़ा गया। इनमें से 710 लोगों के खिलाफ पुलिस एक्ट की धारा 34 के अंतर्गत चालान की कार्रवाई की गई। इसके अलावा शराब पीकर वाहन चलाने वाले 237 लोगों पर मोटरयान अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई की गई, जिससे सड़क सुरक्षा को लेकर पुलिस के सख्त रुख का संदेश भी साफ तौर पर गया।
कानपुर पुलिस ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि भविष्य में यदि कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक स्थल पर शराब पीते हुए, अश्लील या अभद्र व्यवहार करते हुए अथवा शांति व्यवस्था भंग करते पाया गया, तो उसके खिलाफ गुंडा अधिनियम सहित अन्य कठोर कानूनी धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जाएगा। पुलिस का कहना है कि ऐसे तत्वों के प्रति किसी भी तरह की नरमी नहीं बरती जाएगी।
पुलिस प्रशासन ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे एक जिम्मेदार और अनुशासित नागरिक की भूमिका निभाएं, कानून का पालन करें और सार्वजनिक स्थलों की गरिमा बनाए रखें। साथ ही महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए कानपुर पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस प्रकार के अभियान आगे भी लगातार और नियमित रूप से जारी रहेंगे, ताकि शहर में सुरक्षित, शांत और अनुशासित वातावरण कायम रखा जा सके।