कानपुर। 22 साल बाद शहर में हुई 35वीं राज्य स्तरीय बाल क्रीड़ा प्रतियोगिता के दूसरे व अंतिम दिन वाराणसी मंडल ने सर्वाधिक 78 अंक हासिल करते हुए ओवरऑल चैंपियन की चमचमाती ट्रॉफी पर अपना कब्जा जमाया। वहीं दूसरे स्थान पर 68 अंक जुटाकर मेरठ मंडल रहा। स्व.रतन लाल शर्मा स्टेडियम में बुधवार को हुए समापन समारोह में मुख्य अतिथि डिप्टी डायरेक्टर राजू राणा ने विजेता टीमों को ट्रॉफी देकर सम्मानित किया। कानपुर में यह दूसरा मौका था जब बेसिक शिक्षा विभाग की राज्य स्तरीय खेलकूद प्रतियोगिता की मेजबानी मिली।जिसका यहां सफल आयोजन किया गया। इससे पहले वर्ष 2003 में कानपुर मंडल ने राज्य स्तरीय प्रतियोगिता की मेजबानी की थी। प्रतियोगिता में प्रदेश के सभी 18 मंडलों के तकरीबन तीन हजार बच्चों ने पांच विभिन्न आयोजन स्थल पर कुल 11 स्पर्धाओं में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया।खेल प्रतियोगिता के परिणाम : खो-खो में आजमगढ़ और मिर्जापुर ने प्रा.व जूनियर बालक तथा वाराणसी और बस्ती ने बालिका वर्ग में पहला स्थान हासिल किया। जिम्नास्टिक में प्रयागराज ने बालक व बालिका दोनों वर्गों पर अपना कब्जा जमाया। हैंडबॉल में प्रयागराज ने बालक और आजमगढ़ ने बालिका में अपना परचम लहराया। वॉलीबॉल के बालक वर्ग में मेजबान कानपुर ने पहला तथा अयोध्या ने बालिका वर्ग में पहला स्थान हासिल किया। लोकगीत और राष्ट्रीय एकांकी में वाराणसी तथा लोक नृत्य में कानपुर मंडल ने विजेता बनने का गौरव हासिल किया।कबड्डी में मिर्जापुर और अयोध्या ने प्रा बालक व बालिका तथा वाराणसी और आजमगढ़ ने जू बालक व बालिका वर्ग में पहला स्थान हासिल किया। ताइक्वांडो के 25 से 35 किग्रा भार वर्ग में गोरखपुर, 35 से 45 किग्रा में बरेली और 45 किग्रा से अधिक भर वर्ग में गोरखपुर ने पहला स्थान हासिल किया। जूडो के चार भार वर्ग में मेरठ तथा मुरादाबाद और वाराणसी ने एक-एक भार वर्ग में पहला स्थान हासिल किया। कुश्ती में बालक वर्ग में गोरखपुर और बालिका में सहारनपुर के पहलवानों का दबदबा रहा।इस मौके पर मंडलीय सहायक शिक्षा निदेशक राजेश कुमार वर्मा,बीएसए सुरजीत कुमार सिंह,लेखाधिकारी शिशिर जायसवाल,डॉ.अनिल कुमार सिंह,मनींद्र कुमार,क्रीड़ा प्रभारी विकास तिवारी,यास्मीन रहमान,कमलेश गुप्ता,जयंत गुप्ता,राजेश यादव,सुरेश गौड़,शरद कुमार शालनि सिंह,रत्नेश द्विवेदी,रीता देवी,अभिषेक सिंह,प्रीतम सोनकर आदि मौजूद रहे।
राज्य स्तरीय प्रतियोगिता का वाराणसी बना विजेता तो मेरठ बना उपविजेता