कानपुर। नगर निगम ने नाला सफाई और विभिन्न विकास कार्यों में लापरवाही बरतने वाली कार्यदायी संस्थाओं के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कई फर्मों को ब्लैकलिस्ट और डिबार कर दिया है। नगर आयुक्त के निर्देश पर हुई जांच में कार्यों की गुणवत्ता में कमी, निर्धारित समय पर कार्य पूरा न करना, अनुबंध की शर्तों का उल्लंघन तथा तकनीकी अनियमितताएं सामने आने के बाद यह कार्रवाई की गई।
नगर निगम द्वारा शहर में नाला सफाई, जल निकासी व्यवस्था और विकास कार्यों की नियमित रूप से उच्च स्तरीय निगरानी की जा रही है। नगर आयुक्त के निर्देशन में वरिष्ठ अधिकारियों की टीम लगातार स्थलीय निरीक्षण कर रही है। निरीक्षण के दौरान कार्यों की गुणवत्ता, प्रगति और तकनीकी मानकों का परीक्षण किया गया। जांच में कई कार्यदायी संस्थाओं द्वारा गंभीर लापरवाही और गुणवत्ताहीन कार्य किए जाने की पुष्टि हुई।
इसके बाद नगर आयुक्त ने दोषी संस्थाओं के विरुद्ध कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए। नाला सफाई कार्यों में लापरवाही के कारण मैसर्स अशिका ट्रेडर्स, मैसर्स मां बालादेवी कांस, मैसर्स तिवारी ऑटो सेल्स, मैसर्स अनमोल इंटरप्राइजेज, मैसर्स आद्रीका इंटरप्राइजेज, मैसर्स मां रामवती ट्रेडर्स, मैसर्स विनय कांस्ट एंड डेवलपर्स, मैसर्स मां कालिका देवी कांस, मैसर्स संजय शर्मा तथा मैसर्स एनएन इंटरप्राइजेज को ब्लैकलिस्ट कर दिया गया।
वहीं नाला सफाई कार्यों में अनियमितता पाए जाने पर मैसर्स एमके ट्रेडर्स, मैसर्स जीएफ इंटरप्राइजेज तथा मैसर्स कनक कंस्ट्रक्शन कंपनी को डिबार किया गया है।
इसके अलावा अन्य विकास कार्यों में लापरवाही बरतने पर मैसर्स प्रयान इंटरप्राइजेज, मैसर्स श्री सिद्धिनाथ कांस्ट्रो, मैसर्स यश इंटरप्राइजेज, मैसर्स कनक कांक्रीट तथा मैसर्स पैसिफिक इंटरप्राइजेज को छह माह के लिए डिबार किया गया है।
नगर आयुक्त ने स्पष्ट किया कि नगर निगम जनहित से जुड़े कार्यों की गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि नाला सफाई, सड़क, जल निकासी और अन्य विकास कार्यों में लापरवाही, घटिया निर्माण, अनुबंध की शर्तों का उल्लंघन या निर्धारित समय सीमा का पालन न करने वाली किसी भी कार्यदायी संस्था के विरुद्ध आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विकास कार्यों की नियमित निगरानी की जाए और जहां भी अनियमितता मिले, वहां तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि नगरवासियों को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।
लापरवाही पर नगर निगम का बड़ा एक्शन, 10 फर्में ब्लैकलिस्ट, 8 डिबार