कानपुर सेंट्रल स्टेशन पर संयुक्त अभियान में दो तस्कर गिरफ्तार, लगभग 30 लाख की खेप जब्त
मनीष गुप्ता
कानपुर।
मादक पदार्थों की तस्करी एवं अन्य आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगाने के लिए रेलवे सुरक्षा बल द्वारा लगातार सघन अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में 28 जनवरी 2026 को आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम ने कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन परिसर में बड़ी सफलता हासिल की।
निरीक्षक कानपुर सेंट्रल एस.एन. पाटीदार एवं निरीक्षक जीआरपी कानपुर ओमनारायण सिंह के कुशल नेतृत्व में आरपीएफ कानपुर सेंट्रल, सीआईबी कानपुर तथा जीआरपी कानपुर सेंट्रल स्टाफ द्वारा स्टेशन परिसर में गश्त की जा रही थी। इसी दौरान हैरिसगंज पुल के पास दो व्यक्ति अपनी पीठ पर पिठ्ठू बैग लटकाए संदिग्ध अवस्था में आते दिखाई दिए। संदेह होने पर संयुक्त टीम ने दोनों को रोककर पूछताछ की, जिसमें वे घबराए हुए नजर आए।
गहन पूछताछ एवं तलाशी लेने पर दोनों व्यक्तियों के बैग से टेप से सील किए गए कुल 22 बंडल बरामद हुए। जब इन बंडलों को खोलकर जांच की गई तो उनमें गांजा पाया गया। वजन करने पर कुल 28 किलो 623 ग्राम गांजा बरामद हुआ। पूछताछ में आरोपियों ने अपना नाम गौतम राय निवासी पटना (बिहार) तथा महेश अहिरवार निवासी टीकमगढ़ (मध्य प्रदेश) बताया।
दोनों आरोपियों को जीआरपी थाना ले जाकर उनके विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया, जिसके बाद उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे ओडिशा राज्य के भुवनेश्वर से चोरी-छिपे सस्ते दामों पर गांजा खरीदकर लाते थे और उसे कानपुर एवं आसपास के क्षेत्रों में बेचते थे।
बरामद किए गए 28 किलो 623 ग्राम गांजा की अनुमानित कीमत करीब 30 लाख आंकी गई है।
रेलवे को मादक पदार्थों की तस्करी के लिए एक सुगम माध्यम मानते हुए रेलवे सुरक्षा बल एवं संबंधित विभाग आपसी समन्वय और सूचना के आदान-प्रदान के जरिए तस्करों पर कड़ी नजर रखे हुए हैं। इस कार्रवाई से स्पष्ट है कि रेलवे परिसर में अपराध और नशे के कारोबार के खिलाफ सुरक्षा एजेंसियां पूरी मुस्तैदी से जुटी हुई हैं।
हैरिसगंज पुल के पास आरपीएफ–जीआरपी की बड़ी कार्रवाई, 28 किलो से अधिक गांजा बरामद