ऑनलाइन शॉपिंग का बहिष्कार कर स्थानीय व्यापारियों को दें समर्थन
मनीष गुप्ता
कानपुर। कानपुर में व्यापारियों ने एक स्वर में अपील की है कि देश की अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने के लिए लोग ऑनलाइन शॉपिंग का बहिष्कार करें और स्थानीय बाजारों से ही अपनी खरीदारी करें। उत्तर प्रदेश व्यापार मंडल, कानपुर परिक्षेत्र के मंडलाध्यक्ष सिद्धार्थ काशीवार ने कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था की आत्मा उसके पारंपरिक बाज़ार हैं, न कि ऑनलाइन स्टोर। उन्होंने कहा कि यही भारतीय बाजार सदियों से भारत की आर्थिक रीढ़ रहे हैं और वैश्विक मंदी के दौर में भी भारत को स्थिर बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते आए हैं।
काशीवार ने कहा कि देश के पारंपरिक बाजारों से करोड़ों परिवारों का जीवन-यापन जुड़ा है। “ये बाजार ही 55 करोड़ भारतीयों के जीविकोपार्जन का स्रोत हैं। ऐसे में हमें त्योहारों पर अपने परिवार के साथ बाजारों में जाकर खरीदारी करनी चाहिए और सच्चे अर्थों में राष्ट्रभक्ति का परिचय देना चाहिए,” उन्होंने कहा।
उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म्स का पूर्ण बहिष्कार करें और अपने परिवार, दोस्तों, रिश्तेदारों को भी स्थानीय दुकानों से ही खरीदारी करने के लिए प्रेरित करें। सिद्धार्थ काशीवार ने कहा —
> “यदि हम सब मिलकर ‘लोकल फॉर वोकल’ को अपनाएं, तो न केवल भारत की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी, बल्कि छोटे व्यापारियों और कारीगरों को भी एक नई ऊर्जा और सम्मान मिलेगा।”
उन्होंने आगे कहा कि हमें अपने देश के उत्पादों को प्राथमिकता देनी चाहिए, स्वदेशी वस्तुओं का उपयोग बढ़ाना चाहिए और स्थानीय बाजारों को फिर से जीवंत करना चाहिए। यह न केवल आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में कदम होगा बल्कि भारत की आत्मनिर्भरता का प्रतीक भी बनेगा।
काशीवार ने कहा कि दीपावली का यह पर्व सिर्फ रोशनी का नहीं बल्कि ‘आर्थिक आत्मनिर्भरता’ का उत्सव भी बन सकता है, यदि हम सभी मिलकर यह संकल्प लें कि खरीदारी स्थानीय दुकानदारों से ही करेंगे और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स का बहिष्कार करेंगे।
अंत में उन्होंने कहा —
आइए, इस दीपावली हम सब मिलकर स्थानीय बाजारों की रौनक बढ़ाएं, भारतीय व्यापारियों का साथ दें और भारत की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाएं।”