सड़क, नाला, जलनिकासी, स्ट्रीट लाइट, सफाई और पैचवर्क को लेकर अधिकारियों को दिए समयबद्ध निर्देश, औद्योगिक क्षेत्रों में सुविधाएं बेहतर करने पर जोर
कानपुर। नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय की अध्यक्षता में गुरुवार को नगर निगम मुख्यालय स्थित सभागार में औद्योगिक क्षेत्रों के उद्यमियों की समस्याओं के समाधान को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में औद्योगिक क्षेत्रों में सड़क, नाला, जलनिकासी, सफाई, स्ट्रीट लाइट, गृहकर, सीवर लाइन और गड्ढों की मरम्मत सहित विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। नगर आयुक्त ने संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश देते हुए कहा कि उद्यमियों की समस्याओं का शीघ्र समाधान सुनिश्चित किया जाए। बैठक में अपर नगर आयुक्त अनूप कुमार, मुख्य कर निर्धारण अधिकारी एवं जोनल अधिकारी-2 विजय कुमार, जोनल अभियंता कमलेश पटेल सहित नगर निगम के अन्य अधिकारी मौजूद रहे। वहीं इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (आईआईए) के चेयरमैन आर.के. अग्रवाल, पूर्व अध्यक्ष सुनील वैश्य, जय कुमार, संदीप अवस्थी, लालजी, शेष नारायण तिवारी, हरि त्रिपाठी, ममता शुक्ला, विनोद पाल, एच.बी. सिंह, अजय त्रिवेदी, विनोद कुमार, अनिल चौरासिया, मनोज गुप्ता सहित बड़ी संख्या में उद्यमियों ने अपनी समस्याएं नगर आयुक्त के समक्ष रखीं।
बैठक में इस्पात नगर की छह सड़कों एवं नाले के निर्माण के लिए लगभग 50 करोड़ रुपये की टेंडर प्रक्रिया का मुद्दा प्रमुखता से उठा। उद्यमियों ने बताया कि लंबे समय से टेंडर की स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी है। इस पर नगर आयुक्त ने कहा कि इस विषय को कानपुर विकास प्राधिकरण की बैठक में प्रमुखता से उठाया जाएगा। साथ ही जोनल अभियंता-5 को निर्देश दिए कि स्थायी निर्माण होने तक फॉसी मशीन के माध्यम से नालों की सफाई कराकर जल निकासी सुचारु रखी जाए तथा कार्य के दौरान संबंधित उद्यमियों से भी समन्वय बनाया जाए। उद्यमियों ने औद्योगिक क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था को और प्रभावी बनाने के लिए सफाई कर्मचारियों की ड्यूटी का समय बदलने का सुझाव दिया, ताकि सफाई कार्य के दौरान उद्योग संचालक भी मौके पर मौजूद रह सकें। नगर आयुक्त ने कहा कि वर्तमान बायलॉज के अनुसार तत्काल समय परिवर्तन संभव नहीं है, लेकिन नगर स्वास्थ्य अधिकारी से इस संबंध में चर्चा की जाएगी। फिलहाल शनिवार को कुछ क्षेत्रों में प्रयोग के तौर पर सफाई के समय में बदलाव कर व्यवस्था का परीक्षण करने के निर्देश जोनल स्वच्छता अधिकारी-5 को दिए गए। रूमा औद्योगिक क्षेत्र के उद्यमियों ने शिकायत की कि यूपीसीडा के साथ-साथ नगर निगम द्वारा भी गृहकर के नोटिस भेजे जा रहे हैं, जिससे भ्रम की स्थिति बनी हुई है। इस पर अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि नगर निगम अधिनियम के तहत गृहकर के नोटिस जारी किए गए हैं। नगर आयुक्त ने अपर नगर आयुक्त प्रथम को दोनों पक्षों की बात सुनकर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में उद्यमियों ने औद्योगिक क्षेत्रों में खराब स्ट्रीट लाइट व्यवस्था का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने बताया कि कई स्थानों पर अंधेरा रहने से दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। इस पर नगर आयुक्त ने अपर नगर आयुक्त प्रथम को निर्देश दिए कि एक सप्ताह के भीतर पूरे औद्योगिक क्षेत्र का सर्वे कराकर जहां भी स्ट्रीट लाइट खराब हैं, उन्हें ठीक कराया जाए और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
उद्यमियों ने यह भी मांग की कि जब तक कानपुर विकास प्राधिकरण द्वारा सड़क और नालों का निर्माण नहीं कराया जाता, तब तक गड्ढों की पैच मरम्मत कराई जाए ताकि दुर्घटनाओं से बचा जा सके। नगर आयुक्त ने संबंधित जोनल अभियंता को निर्देश दिए कि नगर निगम सीमा में आने वाले सभी औद्योगिक क्षेत्रों का तत्काल सर्वे कराया जाए और 15 दिनों के भीतर सभी गड्ढों की पैच मरम्मत का कार्य पूरा किया जाए।
बैठक में फजलगंज औद्योगिक क्षेत्र में जलकल विभाग द्वारा सीवर लाइन डालने के बाद सड़क का पुनर्निर्माण (रेस्टोरेशन) नहीं किए जाने का मुद्दा भी उठाया गया। उद्यमियों ने बताया कि इससे उद्योगों के आवागमन में काफी परेशानी हो रही है। नगर आयुक्त ने जोनल अभियंता को निर्देश दिए कि जलकल विभाग से समन्वय स्थापित कर शीघ्र सड़क का रेस्टोरेशन कराया जाए। यदि जलकल विभाग समय पर कार्य नहीं करता है तो नगर निगम स्वयं आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करे।
बैठक के अंत में नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय ने कहा कि औद्योगिक क्षेत्रों का विकास शहर की आर्थिक प्रगति से जुड़ा हुआ है। इसलिए उद्यमियों की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि तय समय सीमा के भीतर कार्यों की प्रगति सुनिश्चित करें और उद्यमियों के साथ नियमित संवाद बनाए रखें, ताकि औद्योगिक क्षेत्रों में बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।