डिवाइस से मिलेगी सटीक लोकेशन और बढ़ेगी सुरक्षा व्यवस्था
कानपुर-परिवहन विभाग द्वारा सभी परमिट धारक और भारी वाहनों में एआईएस-140 मानक की व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस (वीएलटीडी) लगाना अनिवार्य कर दिया गया है। इस अनिवार्यता के तहत अब तक करीब 500 से अधिक पब्लिक सर्विस वाहनों में यह डिवाइस लगाई जा चुकी है।
उच्चतम न्यायालय के आदेश के बाद परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन वाहनों में वीएलटीडी डिवाइस नहीं लगी होगी, उनके विभागीय कार्य पूरे नहीं किए जाएंगे। परिवहन विभाग का कहना है कि यह व्यवस्था सड़क सुरक्षा और वाहन निगरानी को बेहतर बनाने के उद्देश्य से लागू की गई है।
आरआई (मोटर यान निरीक्षक) संतोष कुमार ने बताया कि वीएलटीडी डिवाइस वाहन की सटीक लोकेशन बताने के साथ-साथ सुरक्षा की दृष्टि से भी बेहद उपयोगी है। दुर्घटना या किसी आपात स्थिति में यह डिवाइस तुरंत सूचना देने में सक्षम होती है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2019 के बाद खरीदे गए सभी परमिट शुदा वाहनों में यह डिवाइस अनिवार्य रूप से लगवानी होगी, जबकि नए वाहनों में कंपनी की ओर से यह सुविधा पहले से उपलब्ध कराई जा रही है। वीएलटीडी डिवाइस के जरिए वाहन की रियल-टाइम ट्रैकिंग संभव हो सकेगी। इससे वाहन चोरी की घटनाओं पर नियंत्रण, फ्लीट मैनेजमेंट में सुविधा और वाहन संचालन की निगरानी आसान होगी। कुछ आधुनिक डिवाइस में दूर से इंजन लॉक करने की सुविधा भी दी गई है।
इसके अलावा आपातकालीन स्थिति में चालक या यात्री पैनिक अथवा एसओएस बटन दबाकर तुरंत पुलिस और परिजनों तक अपनी लाइव लोकेशन भेज सकते हैं। परिवहन विभाग का मानना है कि इस तकनीक के लागू होने से सड़क सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत किया जा सकेगा।