कानपुर। शहर की ऐतिहासिक परंपरा और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक ‘गंगा मेला’ मंगलवार को हटिया स्थित ऐतिहासिक रज्जन बाबू पार्क में पूरे उत्साह और उल्लास के साथ शुरू हुआ। जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने पारंपरिक झंडारोहण कर मेले का विधिवत शुभारंभ किया। होली के लगभग एक सप्ताह बाद मनाए जाने वाले इस अनूठे पर्व को लेकर शहरवासियों में विशेष उत्साह देखने को मिला। झंडारोहण होते ही पूरा मेला क्षेत्र “होली है” के जयघोष से गूंज उठा। इसके बाद रंगों और उत्सव की झलक दिखाती हुई हुरियारों की टोलियां सड़कों पर निकल पड़ीं। रंग-बिरंगे परिधानों में सजे लोग पारंपरिक वाद्य यंत्रों की धुन पर झूमते नजर आए। कई स्थानों पर रंगों से सजे ऊंट और सजावटी ठेलों के साथ जुलूस भी निकाले गए, जिनमें शामिल युवाओं और नागरिकों ने एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाकर पर्व की खुशियां साझा कीं।
हटिया और उसके आसपास की संकरी गलियों में सुबह से ही लोगों की भीड़ उमड़ने लगी थी। दूर-दूर से आए लोग इस ऐतिहासिक मेले का हिस्सा बनने के लिए पहुंचे। पूरे इलाके में उत्सव जैसा माहौल दिखाई दिया। दुकानों पर रंग-गुलाल, मिठाई और पारंपरिक वस्तुओं की खरीदारी भी होती रही।
गंगा मेला को कानपुर की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान के रूप में जाना जाता है। बताया जाता है कि यह परंपरा अंग्रेजी शासन के दौरान शहरवासियों की एकजुटता और विरोध के प्रतीक के रूप में शुरू हुई थी, जो समय के साथ शहर की सांस्कृतिक विरासत बन गई। आज भी यह मेला भाईचारे और सामाजिक एकता का संदेश देता है।
इस अवसर पर जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि गंगा मेला कानपुर की विशिष्ट पहचान है और यह शहर की गौरवशाली परंपराओं को जीवंत बनाए रखने का माध्यम है। उन्होंने कहा कि यह पर्व हमें अपने इतिहास की याद दिलाता है और समाज में आपसी प्रेम, सौहार्द और भाईचारे की भावना को मजबूत करता है। प्रशासन का प्रयास है कि इस ऐतिहासिक परंपरा को पूरी भव्यता और गरिमा के साथ आगे बढ़ाया जाए।
उन्होंने शहरवासियों से अपील की कि मेले के दौरान शांति और सौहार्द बनाए रखें तथा त्योहार की खुशियों को मिल-जुलकर मनाएं, ताकि कानपुर की गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल कायम रह सके।
मेले के उद्घाटन समारोह में शहर की कई प्रमुख हस्तियां भी मौजूद रहीं। इस दौरान विधान परिषद सदस्य सलिल बिश्नोई, विधायक अमिताभ बाजपेई, प्रसिद्ध हास्य कलाकार अनु अवस्थी सहित कई जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक कार्यक्रम में शामिल हुए। इसके अलावा पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी तथा हटिया मेला कमेटी के सदस्य भी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए मेला क्षेत्र में व्यापक इंतजाम किए गए हैं। पुलिस बल की तैनाती के साथ-साथ ड्रोन कैमरों के माध्यम से भी पूरे क्षेत्र पर नजर रखी जा रही है, ताकि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या अप्रिय घटना से बचा जा सके। प्रशासन का कहना है कि मेले के दौरान सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। गंगा मेला के साथ ही शहर में होली का उत्साह एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है और लोग पारंपरिक अंदाज में इस ऐतिहासिक उत्सव का आनंद ले रहे हैं।
गंगा मेला का भव्य शुभारंभ