कानपुर। TiE उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित TiECon UP 2026 ने औद्योगिक नगरी कानपुर को देश के प्रमुख स्टार्टअप और उद्यमिता केंद्रों की अग्रिम पंक्ति में स्थापित कर दिया। होटल ताज इटर्निटी में आयोजित इस दो दिवसीय भव्य सम्मेलन में नीति निर्धारकों, अग्रणी वेंचर कैपिटल फर्मों, उद्योग जगत के दिग्गजों तथा देश–विदेश से आए स्टार्टअप फाउंडर्स की प्रभावशाली मौजूदगी देखने को मिली। सम्मेलन ने उत्तर प्रदेश के तेजी से परिपक्व होते स्टार्टअप इकोसिस्टम, निवेश–अनुकूल नीतियों और भविष्य उन्मुख इंफ्रास्ट्रक्चर पर राष्ट्रीय स्तर पर भरोसा मजबूत किया।
कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद सुधांशु त्रिवेदी, कानपुर मंडलायुक्त के. विजयेंद्र पांडियन, इन्वेस्ट यूपी के सीईओ विजय किरण आनंद तथा आईआईटी कानपुर के निदेशक प्रो. मनिंद्र अग्रवाल की गरिमामयी उपस्थिति रही। वक्ताओं ने कहा कि उत्तर प्रदेश आज केवल उपभोक्ता बाजार नहीं रहा, बल्कि नवाचार, उद्यम निर्माण और रोजगार सृजन का उभरता हुआ राष्ट्रीय केंद्र बन चुका है।
सम्मेलन के सत्रों में डीपटेक, रक्षा उत्पादन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मैन्युफैक्चरिंग, सेमीकंडक्टर–सहयोग, ग्रीन टेक और वैश्विक विस्तार जैसे विषयों पर गहन मंथन हुआ। नीति–निर्माताओं और निवेशकों ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार की सरल नीतियां, मजबूत लॉजिस्टिक्स, कुशल मानव संसाधन और शैक्षणिक–अनुसंधान संस्थानों की भागीदारी स्टार्टअप्स को तेज गति से स्केल करने में सहायक बन रही है।
“जीरो टू यूनिकॉर्न” और वीसी पिचिंग सत्रों ने नवोदित उद्यमियों को फंडिंग रणनीति, निवेशक अपेक्षाओं, कॉरपोरेट गवर्नेंस और दीर्घकालिक मूल्य निर्माण पर व्यावहारिक मार्गदर्शन दिया। पैनल चर्चाओं में महिला उद्यमिता, टियर–2 शहरों में स्टार्टअप अवसर, आईपी संरक्षण और अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंच जैसे अहम मुद्दों पर भी विचार रखे गए।
TiECon UP 2026 ने यह स्पष्ट संदेश दिया कि कानपुर और उत्तर प्रदेश मिलकर देश के स्टार्टअप मानचित्र पर निर्णायक भूमिका निभाने के लिए तैयार हैं। नवाचार–आधारित नीतियों, निवेशकों के विश्वास और प्रतिभाशाली उद्यमियों के समन्वय से राज्य आने वाले वर्षों में राष्ट्रीय ही नहीं, वैश्विक स्तर पर भी स्टार्टअप हब के रूप में पहचान बनाएगा।
TiECon UP 2026: कानपुर बना राष्ट्रीय स्टार्टअप मंच, नीति–निवेश–नवाचार का संगम