स्वप्निल तिवारी, संवाददाता
कानपुर—कानपुर के काकादेव क्षेत्र से ताल्लुक रखने वाली रीतू जाला के संयोजन में लंदन में कश्मीरी पंडितों का भव्य महाशिवरात्रि भोज आयोजित किया गया, जिसमें करीब 250 श्रद्धालु शामिल हुए। रीतू जाला पिछले दस वर्षों से अपने इंजीनियर पति निवेश के साथ लंदन में निवास कर रही हैं और हर वर्ष महाशिवरात्रि के बाद वहां बसे कश्मीरी परिवारों को एक मंच पर लाकर पारंपरिक भोज व प्रसाद वितरण का आयोजन करती हैं।
उनके प्रयासों से इस वर्ष भी आयोजन भव्य रूप में संपन्न हुआ। भोज में कश्मीरी पनीर, कश्मीरी दम आलू, नदरू (कमल ककड़ी), खट्टे बैंगन और मूली की चटनी जैसे पारंपरिक कश्मीरी व्यंजन परोसे गए। प्रसाद ग्रहण करने के बाद उपस्थित लोगों ने आयोजन की सराहना की और रीतू जाला को धन्यवाद दिया।
कार्यक्रम में सन्नी कौल, कपिल धर, अंकुर जाडू और सिप्रा ओगरा सहित कई प्रमुख सदस्य मौजूद रहे। लंदन में बसे कश्मीरी पंडितों ने एक संगठन का गठन किया है, जिससे 200 से अधिक सदस्य जुड़े हैं। संगठन के अध्यक्ष सन्नी कौल पिछले चार वर्षों से समुदाय का नेतृत्व कर रहे हैं और सांस्कृतिक परंपराओं के संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।
कश्मीरी पंडितों के लिए महाशिवरात्रि का विशेष धार्मिक महत्व है। कश्मीर के रैनावारी, छब्बाकदल, बरजुला, करन नगर और बनमोहल्ला जैसे क्षेत्रों में इस पर्व पर शिव मंदिरों को विशेष रूप से सजाया जाता है। शिवरात्रि से एक दिन पूर्व कलश स्थापना कर अखरोट भिगोने की परंपरा निभाई जाती है और पर्व के दिन कलश के जल को घर में छिड़ककर अखरोट को प्रसाद रूप में ग्रहण किया जाता है।
लंदन में आयोजित यह समारोह न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक बना, बल्कि विदेश में रहकर भी अपनी संस्कृति और परंपराओं को जीवित रखने का प्रेरणादायक उदाहरण प्रस्तुत करता है।