कानपुर।
गुंडे–माफियाओं और समाज विरोधी तत्वों के खिलाफ चल रहे ऑपरेशन विजय बुराइयों के खिलाफ जंग अभियान के तहत एक और सख्त कार्रवाई सामने आई है। जमुई गांव निवासी अंकित तिवारी द्वारा ऑपरेशन विजय के कार्यालय में दबंगई दिखाने और कर्मचारियों को धमकाने के मामले में पनकी थाने में उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, विगत दिवस शाम करीब 8 बजे जमुई गांव का निवासी अंकित तिवारी इस्पात नगर स्थित ऑपरेशन विजय के मुख्य कार्यालय पहुंचा। उस समय कार्यालय में कोई भी मुख्य पदाधिकारी मौजूद नहीं था। आरोप है कि इसके बावजूद अंकित तिवारी ने वहां मौजूद कर्मचारियों के साथ अभद्रता की, उन्हें धमकाया और दहशत फैलाने का प्रयास किया। इस घटना को गंभीरता से लेते हुए ऑपरेशन विजय के वरिष्ठ पदाधिकारी विजय प्रताप सिंह एडवोकेट ने पनकी थाने में तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया।
इस संबंध में ऑपरेशन विजय बुराइयों के खिलाफ जंग के प्रमुख राष्ट्रीय महासचिव वी. के. सिंह एडवोकेट (इलाहाबाद हाईकोर्ट) ने बताया कि संगठन समाज विरोधी गतिविधियों को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि कार्यालय में दबंगई करने पहुंचे जमुई गांव निवासी अंकित तिवारी पुत्र विनोद तिवारी के खिलाफ पनकी थाने में एफआईआर संख्या 0066 दर्ज की गई है। यह मुकदमा बीएनएस 2023 की धारा 115(2), 352 और 352(2) के तहत पंजीकृत किया गया है।
वी. के. सिंह एडवोकेट ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि गुंडे और माफिया समाज के लिए कलंक हैं और ऐसे तत्वों को कानून के माध्यम से उनकी “औकात” बताई जाएगी। उन्होंने क्षेत्र, प्रदेश और देशवासियों से अपील करते हुए कहा कि किसी भी असामाजिक तत्व से डरने की आवश्यकता नहीं है। लोग खुलकर और मजबूती से उनका विरोध करें। ऑपरेशन विजय बुराइयों के खिलाफ जंग वर्ष 2011 से लगातार गुंडे–माफियाओं के खिलाफ अभियान चला रहा है और यह अभियान आगे भी पूरी मजबूती के साथ जारी रहेगा।
ऑपरेशन विजय की सख्ती, कर्मचारियों को धमकाने पर अंकित तिवारी पर FIR