कानपुर। FOGSI National Presidential Conference के पहले दिन शनिवार को वैज्ञानिक सत्र का शुभारंभ पूर्व राष्ट्रपति महामहिम रामनाथ कोविंद के कर कमलों द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर FOGSI की नेशनल प्रेसिडेंट डॉ. सुनीता तांडुलवाडकर, सीएसजेएमयू के कुलपति डॉ. विनय पाठक, ऑर्गनाइजिंग चेयरपर्सन डॉ. मीरा अग्रिहोत्री और प्रोग्राम डायरेक्टर डॉ. अवध दुबे समेत आयोजन टीम के सभी पदाधिकारी मंच पर मौजूद रहे। प्रेसीडेंशियल ओरशन में डॉ. सुनीता तांडुलवाडकर ने स्टेम सेल्स के रोल और उपयोगों पर विस्तृत व्याख्यान देते हुए बताया कि बदलती जीवनशैली की वजह से बच्चों में डायबिटीज़ और थायरॉइड जैसी बीमारियाँ बढ़ रही हैं। स्टेम सेल्स का प्रयोग ऐसी महिलाओं में भी सफल सिद्ध हो रहा है जिनकी प्रजनन क्षमता कम है। अन्य सत्रों में डॉ. हेम दीवाकर ने गर्भावस्था में डायबिटीज़ नियंत्रण, डॉ. प्रीति कुमार ने हाई ब्लड प्रेशर, डॉ. पराग बिन्नीवाले ने समय पूर्व प्रसव, डॉ. एम.सी. पटेल ने मेडिको-लीगल पहलुओं और डॉ. पी.के. शाह ने गर्भस्थ शिशु के समुचित विकास पर व्याख्यान दिया। कार्यक्रम में आयोजन टीम की डॉ. नीलम मिश्रा, डॉ. किरण पांडेय, डॉ. कल्पना दीक्षित, डॉ. रेशमा निगम, डॉ. कंचन शर्मा, डॉ. किरण सिन्हा, डॉ. शैली अग्रवाल और डॉ. रेनू गुप्ता के साथ शहर के वरिष्ठ स्त्री रोग विशेषज्ञ बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
पूर्व राष्ट्रपति कोविंद ने FOGSI कॉन्फ्रेंस का किया उद्घाटन, महिलाओं के स्वास्थ्य पर चर्चा