कानपुर। रेलवे में चोरी, मादक पदार्थों की तस्करी और अन्य अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत जीआरपी कानपुर सेंट्रल पुलिस ने नौ साल से फरार चल रहे दो वारंटी अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। दोनों की गिरफ्तारी अलग-अलग स्थानों से की गई। पुलिस के अनुसार, दोनों वर्ष 2017 से गिरफ्तारी से बच रहे थे।
जीआरपी कानपुर सेंट्रल के प्रभारी निरीक्षक ओम नारायण सिंह के नेतृत्व में गठित टीम ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस और जमीनी सूचना के आधार पर दोनों की तलाश की। सटीक सूचना मिलने पर पुलिस ने घेराबंदी कर दोनों को गिरफ्तार कर लिया।
ये दोनों हुए गिरफ्तार
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपितों में संदीप सिंह निवासी ग्राम अकबरपुर डाढ़ा, थाना फफूंद, जिला औरैया शामिल है। उसके खिलाफ एडीजे-22, कानपुर नगर न्यायालय से गैर-जमानती वारंट जारी था। उस पर चोरी और एनडीपीएस एक्ट के तहत मामले दर्ज हैं। दूसरा आरोपित मो. आमिर निवासी ईदगाह, सफेद कालोनी, थाना बाबूपुरवा, कानपुर है। उसके खिलाफ एडीजे-27, कानपुर नगर न्यायालय से वारंट जारी था। उसके विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट के साथ ही चोरी और डकैती से संबंधित धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं।
गिरफ्तारी करने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक ओम नारायण सिंह, वरिष्ठ उपनिरीक्षक विनोद कुमार यादव, उपनिरीक्षक शिवबाबू यादव, उपनिरीक्षक अर्पित तिवारी, मुख्य आरक्षी नृपेन्द्र कुमार, अनुराग कुमार (चौकी जीआरपी झींझक), मुख्य आरक्षी शिव सिंह, रमेश सोनकर, वैश खान, सत्येन्द्र सिंह, राजकमल वर्मा और आरक्षी दीपक यादव शामिल रहे। जीआरपी ने दोनों आरोपितों के खिलाफ आवश्यक विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।