कानपुर में जरीब चौकी स्थित प्रताप चौक पर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा द्वारा महाराणा प्रताप जयंती बड़े उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाई गई। कार्यक्रम में महाराणा प्रताप की प्रतिमा का दूध और गंगाजल से अभिषेक किया गया तथा पूजन और माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस अवसर पर श्रद्धालुओं और समाज के लोगों के बीच लड्डू एवं शरबत का वितरण भी किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कुंवर मनोज सिंह भदौरिया ने महाराणा प्रताप की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया। इस दौरान महासभा के अध्यक्ष लाल सिंह तोमर ने समाज के उत्थान और संगठन के लिए किए जा रहे कार्यों को देखते हुए प्रदेश अध्यक्ष कुंवर मनोज भदौरिया को “क्षत्रिय रत्न” सम्मान से सम्मानित किया।
अपने संबोधन में कुंवर मनोज सिंह भदौरिया ने कहा कि महाराणा प्रताप वीरता, स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति के अमर प्रतीक हैं। उन्होंने कहा कि महाराणा प्रताप ने मातृभूमि की आन-बान और शान की रक्षा के लिए अपना सम्पूर्ण जीवन समर्पित कर दिया। उनका अदम्य साहस, संघर्ष और स्वाभिमान आने वाली पीढ़ियों को सदैव प्रेरणा देता रहेगा। उन्होंने कहा कि समाज और देश के प्रति कर्तव्य निभाने की सीख महाराणा प्रताप के जीवन से मिलती है।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने महाराणा प्रताप के शौर्य, युद्ध कौशल, संगठन क्षमता और राष्ट्रभक्ति पर विस्तार से प्रकाश डाला। समाज के पदाधिकारियों और वक्ताओं ने कहा कि महाराणा प्रताप केवल एक योद्धा नहीं बल्कि भारतीय संस्कृति और स्वाभिमान के प्रतीक थे। उनके जीवन से संघर्ष, आत्मसम्मान और राष्ट्र के लिए समर्पण की प्रेरणा मिलती है।
इस अवसर पर प्रदेश महामंत्री धीरेन्द्र सिंह भदौरिया, मंडल अध्यक्ष महेंद्र तोमर, नवरंग सिंह सेंगर, अरविन्द परिहार, अनन्त भदौरिया, राकेश राना, कुलदीप भदौरिया, फौजी सनी सेंगर, मंडल उपाध्यक्ष वी सिंह, जिलाध्यक्ष पुष्पेन्द्र भदौरिया, कानपुर दक्षिण जिलाध्यक्ष तिलक राज चौहान, जिला उपाध्यक्ष योगेन्द्र सिंह रजावत, अधिवक्ता प्रकोष्ठ के जिला अध्यक्ष राम पाल सिंह चौहान, मंडल महामंत्री एस.के. सिंह, मंडल उपाध्यक्ष महेन्द्र परिहार, जिला महामंत्री अजय सिंह तोमर, सैनिक प्रकोष्ठ जिला अध्यक्ष प्रमोद राठौर और देवेन्द्र कनवाल सहित बड़ी संख्या में क्षत्रिय समाज के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
महाराणा प्रताप जयंती पर भव्य आयोजन, प्रदेश अध्यक्ष को मिला ‘क्षत्रिय रत्न’ सम्मान