कानपुर।
उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक कर प्रदेश की कानून-व्यवस्था एवं पुलिसिंग व्यवस्था की गहन समीक्षा की। बैठक का उद्देश्य सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाना तथा जनहित से जुड़ी प्रमुख योजनाओं के क्रियान्वयन की प्रगति का आकलन करना रहा। इस दौरान ‘सीनियर पुलिस ऑफिसर्स कॉन्फ्रेंस–2025’ के फॉलो-अप सहित कई अहम बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में प्रदेश में प्रशिक्षण ले रहे लगभग 60 हजार प्रशिक्षणाधीन आरक्षियों के कार्य-वितरण और अवस्थापन को लेकर विशेष मंथन किया गया। डीजीपी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि नए आरक्षियों के आने से पुलिस बल को मजबूती मिलेगी, इसलिए उनकी तैनाती, प्रशिक्षण, आवास और अन्य मूलभूत सुविधाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। उन्होंने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि प्रशिक्षुओं का प्रभावी उपयोग जनसुरक्षा और कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने में किया जाए।
पुलिस की कार्यप्रणाली को और अधिक आधुनिक एवं पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से ‘यक्ष ऐप’ के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी चर्चा की गई। डीजीपी ने कहा कि डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से पुलिसिंग को तेज, जवाबदेह और जनता के लिए अधिक सुलभ बनाया जा सकता है।
आर्थिक अपराधों पर नियंत्रण के लिए डीजीपी ने जीएसटी टैक्स चोरी से जुड़े मामलों की जांच हेतु गठित विशेष जांच टीम (एसआईटी) की कार्यवाही की समीक्षा की। उन्होंने इस संबंध में जारी नई एसओपी का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि कर चोरी करने वालों के खिलाफ प्रभावी और समयबद्ध कानूनी कार्रवाई हो सके।
बैठक में सड़क सुरक्षा और महिला सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए ‘जीरो फैटिलिटी डिस्ट्रिक्ट’ योजना के दूसरे चरण पर भी विचार-विमर्श किया गया। इस योजना का मुख्य उद्देश्य चयनित जिलों में सड़क हादसों के कारण होने वाली मृत्यु दर को शून्य पर लाना है। वहीं महिला सुरक्षा के संदर्भ में डीजीपी ने ‘मिशन शक्ति केंद्रों’ की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की और उनमें आवश्यक सुधार करने पर जोर दिया, ताकि पीड़ित महिलाओं को त्वरित सहायता, काउंसलिंग और न्याय मिल सके।
इस महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक में कानपुर जोन के अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी) आलोक सिंह ने भी प्रतिभाग किया। उन्होंने डीजीपी को कानपुर जोन के अंतर्गत आने वाले विभिन्न जनपदों में उपरोक्त बिंदुओं पर अब तक की गई कार्यवाही और वर्तमान स्थिति से अवगत कराया। एडीजी आलोक सिंह ने आश्वस्त किया कि पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों और गाइडलाइंस का जोन में अक्षरशः पालन किया जा रहा है और आगे भी इसे पूरी सख्ती और संवेदनशीलता के साथ लागू किया जाएगा।
डीजीपी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से की कानून-व्यवस्था की समीक्षा