कानपुर—कानपुर कमिश्नरेट पुलिस द्वारा लंबित विवेचनाओं के शीघ्र और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के लिए चलाया गया 24 घंटे का विशेष अभियान बेहद सफल रहा। पूरे कमिश्नरेट क्षेत्र में कुल 222 विवेचनाओं का निस्तारण किया गया। इसमें साउथ ज़ोन ने सर्वाधिक 92 विवेचनाएं निपटाकर पहला स्थान हासिल किया, जिनमें 63 आरोप पत्र और 29 अंतिम रिपोर्ट शामिल रहीं।
साउथ ज़ोन के बाद नौबस्ता सर्किल (47 निस्तारण) और थानों में बर्रा थाना (18 निस्तारण) ने सर्वोच्च प्रदर्शन किया। पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने इस उपलब्धि पर संतोष जताते हुए निर्देश दिए कि विवेचक फील्ड यूनिट और फॉरेंसिक टीम के सहयोग से घटनाओं का त्वरित अनावरण सुनिश्चित करें। उन्होंने विशेषकर साइबर अपराधों की विवेचना में साइबर सेल की तकनीकी विशेषज्ञता का अधिकतम उपयोग करने पर जोर दिया।
कमिश्नरेट ने निर्देशित किया है कि प्रत्येक विवेचना के लिए स्पष्ट कार्ययोजना बनाते हुए समयबद्ध और उच्च गुणवत्ता वाला निस्तारण अनिवार्य है। भविष्य में भी ऐसे विशेष अभियान नियमित रूप से संचालित किए जाएंगे, जिससे लंबित विवेचनाओं की संख्या न्यूनतम बनी रहे।
समय प्रबंधन में सुधार के सकारात्मक परिणाम
कंट्रोल रूम की ओर से 11 नवंबर से 21 नवंबर 2025 तक कराए गए दस दिवसीय कार्य-समीक्षा सर्वे में सकारात्मक बदलाव देखने को मिले। पहले के सर्वे में यह तथ्य सामने आया था कि अधिकांश थाना प्रभारी पर्याप्त विश्राम नहीं कर पाते थे, जिससे कार्यकुशलता प्रभावित होती थी।
लेकिन नवीनतम सर्वे में स्थिति में बड़ा सुधार देखा गया, जहां अधिकांश थाना प्रभारी अब अपने कार्य और स्वास्थ्य के लिए उचित विश्राम और संतुलित समय प्रबंधन कर रहे हैं। पुलिस आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि—
समय प्रबंधन को प्राथमिकता दें
कार्यों का उचित वितरण करें
अधीनस्थ कर्मचारियों के कार्य का नियमित मूल्यांकन करें
ऑपरेशन/ड्यूटी से पहले ब्रीफिंग और बाद में डी-ब्रीफिंग अनिवार्य रूप से करें
कमिश्नरेट पुलिस का यह विशेष अभियान जहां त्वरित विवेचना निस्तारण में मिसाल बना, वहीं पुलिस बल के कार्यप्रणाली, अनुशासन और समय प्रबंधन में सकारात्मक सुधार का संकेत भी दे रहा है।